Rs 20 lakh Mudra loan Yojna

 PM मुद्रा लोन ||PM Mudra loan|| Mudra Loan Yojna||

केंद्र सरकार दे रही है व्यापार शुरु करने के लिए 20 लाख का लोन। पूरी योजना जानें।


PM मुद्रा लोन योजना विवरण
मुद्रा योजना कब शुरू हुई 2015 में
किसने शुरू की मोदी सरकार
योजना का मुख्य उद्देश्य व्यापार में धन की कमी दूर करने के लिए कम ब्याज पर लोन की व्यवस्था करना, जिससे बेरोज़गारी को कम किया जा सके
मुद्रा योजना में कितना लोन मिलता है 50000 से लेकर 20 लाख तक
क्या लोन बढ़ाया भी जा सकेगा पहले पुराना कोई लोन चुकता करना होगा
किन लोगों को मुद्रा योजना का लाभ मिलेगा देश का कोई भी नागरिक मुद्रा लोन लेकर व्यापार प्रारम्भ कर सकता है, बशर्ते उसने बैंक की शर्तें पूरी की हों।

मुद्रा लोन 10 लाख से बढ़ाकर 20 लाख किया ।

     यदि आप अपना व्यवसाय आरंभ करने की योजना बना रहे हैं, लेकिन इन्वेस्टमेंट ( पैसा ) नहीं है तो आपके लिए यह एक ख़ुशी का समाचार है। वर्तमान मोदी सरकार मुद्रा योजना के अंतर्गत अब बिना किसी गारंटी के 20 लाख रुपये तक का ऋण प्रदान करेगी। पहले इस योजना के तहत 10 लाख रुपये का ऋण उपलब्ध था।वास्तव में, सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों (MSME) पर आधारित रिजर्व बैंक (RBI) की विशेषज्ञ समिति ने इस सिफारिश को पेश किया  है। RBI ने MSME के आर्थिक और वित्तीय स्थिरता के लिए दीर्घकालिक समाधान हेतु 8 सदस्यीय समिति का गठन किया था।

    23 जुलाई 2024 को मोदी 3.0 का बजट (Union Budget 2024) प्रस्तुत किया गया । इस बजट भाषण में PM मुद्रा योजना (PM Mudra Yojna) का भी ज़िक्र किया गया। वित्त मंत्री ने अपने बजट भाषण में बताया कि इस योजना के अंतर्गत व्यवसायियों को मिलने वाला ऋण अब 10 लाख रुपये से बढ़ाकर 20 लाख रुपये किया जा रहा है। हालांकि, इस लाभ के लिए सरकार ने कुछ शर्तें भी निर्धारित की हैं। आइए जानते हैं पीएम मुद्रा लोन (PM Mudra Loan) क्या है, कौन आवेदन कर सकता है और ऋण की सीमा बढ़ाने के साथ कौन सी शर्तें लागू की गई हैं।

इसे भी पढ़ें:

भारत की 500 कम्पनीज़ में युवाओं के लिए शानदार अवसर

PM मुद्रा लोन Reniew कैसे होगा?

    जिस कारोबारी ने मुद्रा लोन के तहत तरुण कटेगरी से लोन लेकर पहले चुकता कर दिया हो वो अपना व्यापार बढ़ाने के लिए लोन को आसानी से बढ़वा सकते है।और  यदि आपने लोन लेकर निश्चित अवधि समाप्त होने तक बैंक को परेशान किया तो मुद्रा लोन reniew नही होगा।

मुद्रा लोन से सम्बंधित कुछ ख़ास बातें

  मुद्रा लोन से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी...

     इस समिति ने रिजर्व बैंक को अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत कर दी है। इस रिपोर्ट में एमएसएमई और स्व सहायता समूहों के लिए 20 लाख रुपये तक के लोन प्रदान करने की सिफारिश की गई है। इसके साथ ही, समिति ने मुद्रा लोन की सीमा को 10 लाख रुपये से बढ़ाकर 20 लाख रुपये करने की भी सिफारिश की है।

     2015 में शुरू हुई इस  योजना का उद्देश्य रेहड़ी-पटरी वाले से लेकर छोटे कारोबार को बिना किसी जमानत के लोन मुहैया कराना है। इस योजना के तहत कोई भी कारोबारी अपना  व्यवसाय शुरू करने के लिए लोन के लिए बैंक में आवेदन कर सकता है।

बिना शुल्क और गैरंटी के लोन 

1. इस योजना की एक प्रमुख विशेषता यह है कि इसमें बिना किसी गारंटी के ऋण उपलब्ध कराया जाता है। इसके अतिरिक्त, ऋण के लिए कोई प्रोसेसिंग शुल्क भी नहीं लिया जाता है।

2, ऋण प्राप्त करने वाले को एक मुद्रा कार्ड प्रदान किया जाता है, जिसके माध्यम से वह अपने व्यावसायिक खर्चों का भुगतान कर सकता है।

3. यह ऋण वाणिज्यिक बैंकों, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों, छोटे वित्त बैंकों, सहकारी बैंकों, सूक्ष्म-वित्त संस्थानों और गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों के माध्यम से प्राप्त किया जा सकता है।
  • वर्तमान में मुद्रा योजना के अंतर्गत तीन प्रकार के ऋण उपलब्ध हैं। (शिशु ऋण) शिशु ऋण के तहत 50,000 रुपये तक का कर्ज प्रदान किया जाता है। 
  • (किशोर ऋण) किशोर ऋण के अंतर्गत 50,000 से 5 लाख रुपये तक का कर्ज दिया जाता है।
  • (तरुण ऋण) तरुण ऋण के तहत 5 लाख से 10 लाख रुपये तक का कर्ज उपलब्ध है। हालाँकि, अब इसकी अधिकतम सीमा बढ़ाकर 20 लाख रुपये कर दी गई है।
इसे भी पढ़ें:

Staff Selection Commition

युवा सक्षम योजना में लाभ ही लाभ

स्वयं का व्यवसाय शुरू करने के लिय सरकार देती थी छोटे व्यापारियों के लिए 10 lakh तक लोन

     भारत सरकार ने अप्रैल 2015 में प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (पीएमएमवाई) की स्थापना की, जिसका उद्देश्य देश में छोटे और मध्यम आकार के उद्योगों की वित्तीय आवश्यकताओं को पूरा करना है। यह योजना नॉन-कॉर्पोरेट छोटे व्यवसायों के लिए विशेष रूप से बनाई गई है, जिससे शहरी या ग्रामीण क्षेत्रों में एकल या साझेदारी में छोटे निर्माण इकाइयों, दुकानदारों, छोटे व्यापारियों और छोटी उद्योगों के संचालकों को लाभ मिल सके।

      छोटे उद्योगों के संचालकों, कारीगरों, खाद्य उत्पादों के व्यापारियों और सेवा क्षेत्र में कार्यरत व्यक्तियों के लिए योजनाएँ बनाई गई हैं। ये ऋण वाणिज्यिक बैंकों, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों, लघु वित्त बैंकों, सहकारी बैंकों, सूक्ष्म वित्त संस्थानों और गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों के माध्यम से प्राप्त किए जा सकते हैं।

            मुद्रा लोन से संबंधित चार महत्वपूर्ण प्रश्न

     मुद्रा लोन के अंतर्गत अधिकतम 10 लाख रुपए तक का ऋण प्राप्त किया जा सकता है। इस ऋण को तीन श्रेणियों में विभाजित किया गया है— शिशु ऋण, जिसकी अधिकतम सीमा 50 हजार रुपए है, किशोर ऋण, जिसमें 50 हजार से 5 लाख रुपए तक की सीमा निर्धारित की गई है, और तरुण ऋण, जिसमें अधिकतम 10 लाख रुपए तक का ऋण उपलब्ध था। लेकिन अब ये बढ़ाकर 20 लाख कर दिया गया है।

इसे भी पढ़ें:


लोन अप्लाई से पहले रोज़गार की योजना तैय्यार करें 

     आवेदक को सबसे पहले एक व्यवसाय योजना तैयार करनी होती है। इसके साथ ही, ऋण के लिए सभी आवश्यक दस्तावेज भी संकलित करने होते हैं। सामान्य दस्तावेजों के अतिरिक्त, बैंक आपसे आपके व्यवसाय की योजना, परियोजना रिपोर्ट और भविष्य में होने वाली आय के अनुमान से संबंधित दस्तावेज भी मांगेगा, ताकि उसे आपकी आवश्यकताओं की जानकारी मिल सके और यह भी समझ सके कि आपको लाभ कैसे प्राप्त होगा या लाभ में वृद्धि कैसे होगी।

इस योजना में बिना किसी गैरंटी के लोन मिल सकता है


 इस योजना के अंतर्गत बिना किसी गारंटी के ऋण प्राप्त किया जा सकता है। इसके लिए किसी प्रकार की प्रोसेसिंग शुल्क का भुगतान आवश्यक नहीं है।लेकिन इसका मतलब ये नही की जो भी लोन लेने आया बैंक ने उसे बिना जाँच पड़ताल के दे दिया। कोई भी बैंक आवेदक से व्यवसाय की पूरी डिटेल माँगेगा तथा व्यवसाय में होने वाले इन्वेस्ट और आमदनी की पूरी जाँच करेगा तभी आपका लोन अप्रूव होगा की चुकौती अवधि को पांच वर्षों तक बढ़ाया जा सकता है। ऋण लेने वाले को मुद्रा कार्ड प्रदान किया जाता है, जिसका उपयोग व्यावसायिक आवश्यकताओं के लिए होने वाले खर्चों के लिए किया जा सकता है।

इसे भी पढ़ें


मुद्रा लोन आवेदक का क्रेडिट स्कोर ख़राब नही होना चाहिए।

    मुद्रा लोन आवेदक का क्रेडिट हिस्ट्री अच्छी होनी होनी चाहिए। आपकी कोई ऐसी पेमेंट जैसे क्रेडिट कार्ड, कोई पुराना लोन जो आप नही चुका सके तो ऐसे स्थिति में  आपको मुद्रा लोन लेने में कठिनाई होगी। इसलिए कोई भी ऐसा लोन जो आपके आधार कार्ड से लिंक है, उसकी ECS में कोई बाउन्सिंग ना हो, या कोई चेक बाउन्स ना हो। 

    जो व्यक्ति अपना खुद का व्यवसाय स्थापित करना चाहता है, वह इस योजना के अंतर्गत ऋण प्राप्त कर सकता है। इसके अतिरिक्त, यदि कोई अपने वर्तमान व्यवसाय को और बढ़ाना चाहता है, तो वह भी इस योजना के माध्यम से ऋण प्राप्त कर सकता है।

 मुद्रा लोन प्राप्त करने की संपूर्ण प्रक्रिया इस प्रकार है:
  •    सबसे पहले, आवेदक को मुद्रा लोन प्रदान करने वाले बैंक या वित्तीय संस्थान का चयन करना होता है।
  • आवेदक एक से अधिक बैंकों का चयन कर सकता है। 
  • इसके बाद, बैंक को आवश्यक दस्तावेजों के साथ लोन आवेदन पत्र भरकर प्रस्तुत करना होगा। 
  • किन बैंकों या संस्थाओं द्वारा मुद्रा लोन प्रदान नहीं किया जाता, इसकी जानकारी भी ले लें ।

सामान्यतः, मुद्रा लोन के लिए आवेदन पत्र के साथ निम्नलिखित दस्तावेज़ प्रस्तुत करने की आवश्यकता होती है। ऋण की राशि, व्यापार की प्रकृति, बैंक के नियमों आदि के आधार पर दस्तावेज़ों की संख्या में भिन्नता हो सकती है।

         मुद्रा लोन के लिए आवश्यक दस्तावेज 
  1. मुद्रा लोन के लिए आवेदन करते समय आवश्यक है कि बिज़नेस योजना या प्रोजेक्ट रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए
  2. पहचान प्रमाण के रूप में पैन कार्ड, आधार कार्ड, और मतदाता पहचान पत्र जैसे दस्तावेज़ों की आवश्यकता होती है।
  3. यदि एक से अधिक आवेदक हैं, तो पार्टनरशिप से संबंधित दस्तावेज़ जैसे डीड भी आवश्यक हैं।
  4. टैक्स रजिस्ट्रेशन और बिज़नेस लाइसेंस जैसे अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज़ भी प्रस्तुत करने होंगे।
  5. सभी दस्तावेज़ों की सही और पूर्ण जानकारी सुनिश्चित करना आवश्यक है।
             व्यापार से सम्बंधित दस्तावेज
  1. निवास प्रमाण के लिए आवश्यक दस्तावेज़, जैसे कि टेलीफोन या बिजली बिल, आवेदक की 6 महीने से कम पुरानी तस्वीरें।
  2. मशीन या अन्य सामग्री के लिए कोटेशन, जिसे आवेदक खरीदने की योजना बना रहा है।
  3. सप्लायर या दुकानदार की जानकारी, जहां से सामग्री खरीदी जाएगी।
  4. श्रेणियों का उल्लेख, जैसे कि एससी, एसटी, ओबीसी, या अल्पसंख्यक, यदि लागू हो।
  5. पिछले दो वर्षों की बैलेंस शीट और प्रोजेक्टेड बैलेंस शीट, यदि लोन राशि दो लाख से अधिक है।
व्यवसाय से सम्बंधित जानकारी बैंक को देनी होगी 

     मुद्रा लोन प्राप्त करने के लिए आवेदक को उस सरकारी या किसी अन्य बैंक या वित्तीय संस्थान में आवेदन करना होगा, जो मुद्रा लोन की सुविधा प्रदान करता है। आवेदन के साथ आपके व्यवसाय की संपूर्ण जानकारी, योजना और अन्य आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करने होंगे। 

    यदि आवेदन को सही माना जाता है, तो बैंक या वित्तीय संस्थान मुद्रा लोन को स्वीकृति देगा और आवेदक को मुद्रा कार्ड जारी किया जाएगा।

इसे भी पढ़ें:


मुद्रा योजना के लोन का ब्याज 

    मुद्रा लोन की एक विशेषता यह है कि इसमें कोई निश्चित ब्याज दर निर्धारित नहीं होती। विभिन्न बैंकों द्वारा लोन पर अलग-अलग ब्याज दरें लागू की जा सकती हैं। ब्याज दर का निर्धारण व्यवसाय की प्रकृति और उससे जुड़े जोखिमों के आधार पर किया जाता है। सामान्यतः, ब्याज दर लगभग 12 प्रतिशत के आस-पास होती है।


लोग ऐसे प्रश्न भी पूछते है:~ FAQ

Q. मुद्रा लोन कितने तक मिल सकता है?

Ans. यदि आप एक नया व्यवसाय आरंभ करने की योजना बना रहे हैं या अपने मौजूदा व्यवसाय को और विकसित करना चाहते हैं, तो पीएम मुद्रा लोन योजना के तहत आप 50,000.00 रुपए से लेकर 20 लाख रुपए तक का ऋण प्राप्त कर सकते हैं। 23 अगस्त 2024।

Q. मुद्रा लोन योजना में ब्याज दर कितनी होती है?

Ans. आप 5 लाख रुपये से लेकर 20 लाख रुपये तक की वित्तीय सहायता प्राप्त कर सकते हैं। ऋणदाता आपके क्रेडिट इतिहास और दिशानिर्देशों के आधार पर PMMY के लिए ब्याज दर निर्धारित करता है। ब्याज दरें 11.15% से 20% के बीच होती हैं, और पुनर्भुगतान की अवधि ऋणदाता द्वारा निर्धारित की जाती है।

Q. यदि बैंक लोन देने से मना करें तो क्या करें?

Ans. यदि एक बैंक लोन प्रदान करने से इंकार कर दे, तो अन्य बैंक से संपर्क करें। अपने बैंक की शाखा में लोन के लिए आवेदन करना हमेशा लाभकारी होता है। यदि आपका बैंक लोन देने से मना करता है, तो दूसरे बैंक का विकल्प चुनें। कई बार ग्रामीण बैंक और क्षेत्रीय सहकारी बैंक कम कठोर शर्तें रखते हैं।23 Aug 2023|

Q. यदि मुद्रा लोन ना चुकाया तो क्या होगा

Ans. यदि कोई व्यक्ति प्रधानमंत्री मुद्रा लोन के अंतर्गत व्यवसाय आरंभ करने या उसका विस्तार करने के लिए ऋण लेता है और उसे समय पर चुकता नहीं करता है, तो ऐसी स्थिति में बैंक कानूनी रूप से उसकी संपत्ति को जब्त कर सकता है। जब्त की गई संपत्ति की नीलामी करके ऋण की राशि वसूल की जा सकती है। 

Q. लोन ना चुका पाने की स्थित में क्या करें? 

Ans. बैंक के जाएँ और अपनी समस्या सबूत के तौर पर लिखित पत्र दें । यदि बैंक को लगेगा कि आप किस मजबूरी में लोन नही चुका पा रहे है तो बैंक आपको समय देगा। 23 nov.2024|

संक्षेप में, 
दोस्तों, इस बारे में मैं यही कहना चाहूँगा की जब भी आपको रोज़गार के लिए लोन आदि की आवश्यकता पड़े तो सीधे सरकारी बैंक में जाएँ उन्हें अपने रोज़गार से सम्बंधित जानकारियाँ दें , बैंक आपकी मदद अवश्य करेंगे। सरकारी बैंक्स में ब्याज दर भी उचितलगाई जाती है। केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा भी रोज़गार के लिए कई योजनाएँ शुरू की गई है।

आपको इस लेख में जानकारी अच्छी लगे तो हमें कॉमेंट करें।

Auther: Balesh Bhardwaj

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ